जैविक खेती आज किसानों के लिए एक स्थायी और लाभकारी विकल्प बन रही है। रासायनिक खाद और कीटनाशकों के अत्यधिक प्रयोग से जहाँ मिट्टी की उर्वरता और पर्यावरण को नुकसान पहुँचता है, वहीं जैविक विधि से खेती करने पर मिट्टी की सेहत सुधरती है और फसल की गुणवत्ता भी बेहतर होती है।
इस खेत प्रदर्शन में दिखाई गई उर्ध्व प्रसार सरसों किस्म ने जैविक विधि से खेती में अच्छे परिणाम दिए हैं।
- पौधे मजबूत और रोग प्रतिरोधी दिखाई दिए।
- फूल और फलियाँ भरपूर मात्रा में विकसित हुईं।
- उत्पादन क्षमता पारंपरिक तरीकों की तुलना में अधिक रही।
किसानों के लिए यह संदेश है कि जैविक खेती अपनाकर वे न केवल अधिकतम उत्पादन प्राप्त कर सकते हैं, बल्कि उपभोक्ताओं को स्वस्थ और सुरक्षित खाद्य पदार्थ भी उपलब्ध करा सकते हैं